॥ श्रीहरिः ॥
श्लोक 12.11.42
भगः स्फूर्जोऽरिष्टनेमिरूर्ण आयुश्च पंचमः।
कर्कोटकः पूर्वचित्तिः पुष्यमासं नयन्त्यमी॥ ४२
bhagaḥ sphūrjo'riṣṭanemirūrṇa āyuśca paṃcamaḥ|
karkoṭakaḥ pūrvacittiḥ puṣyamāsaṃ nayantyamī|| 42
अर्थ
पौष मासमें भग नामक सूर्यके साथ स्फूर्ज राक्षस, अरिष्टनेमि गन्धर्व, ऊर्ण यक्ष, आयु ऋषि, पूर्वचित्ति अप्सरा और कर्कोटक नाग रहते हैं॥ ४२॥