॥ श्रीहरिः ॥
श्लोक 9.23.20
यत्रावतीर्णो भगवान् परमात्मा नराकृतिः।
यदोः सहस्रजित्क्रोष्टा नलो रिपुरिति श्रुताः॥ २०
yatrāvatīrṇo bhagavān paramātmā narākṛtiḥ|
yadoḥ sahasrajitkroṣṭā nalo ripuriti śrutāḥ|| 20
अर्थ
इस वंशमें स्वयं भगवान् परब्रह्म श्रीकृष्णने मनुष्यके-से रूपमें अवतार लिया था। यदुके चार पुत्र थे—सहस्रजित्, क्रोष्टा, नल और रिपु। सहस्रजित्से शतजित्का जन्म हुआ। शतजित्के तीन पुत्र थे—महाहय, वेणुहय और हैहय॥ २०-२१॥