परीक्षित्! इस प्रकार मैंने संक्षेपसे तुम्हें सात मन्वन्तरोंका वर्णन सुनाया; अब भगवान्की शक्तिसे युक्त अगले (आनेवाले) सात मन्वन्तरोंका वर्णन करता हूँ॥ ७॥✎ 741
संक्षेपतो मयोक्तानि सप्त मन्वन्तराणि ते।
भविष्याण्यथ वक्ष्यामि विष्णोः शक्त्यान्वितानि च॥ ७
परीक्षित्! इस प्रकार मैंने संक्षेपसे तुम्हें सात मन्वन्तरोंका वर्णन सुनाया; अब भगवान्की शक्तिसे युक्त अगले (आनेवाले) सात मन्वन्तरोंका वर्णन करता हूँ॥ ७॥
श्रीमद्भागवत महापुराण 8.13.7 · गीताप्रेस, गोरखपुर (प्रथम खण्ड, पृष्ठ 970) · https://371ace2f.srimad-bhagavatam.pages.dev/8/13/7/इस श्लोक और इसके अर्थमें की गयी शुद्धियाँ (1)