उनके चले जानेपर ब्रह्मा और शंकरने फिरसे भगवान्को नमस्कार किया और वे अपने-अपने लोकोंको चले गये, तदनन्तर इन्द्रादि देवता राजा बलिके पास गये॥ २७॥✎ 693
अथ तस्मै भगवते नमस्कृत्य पितामहः।
भवश्च जग्मतुः स्वं स्वं धामोपेयुर्बलिं सुराः॥ २७
उनके चले जानेपर ब्रह्मा और शंकरने फिरसे भगवान्को नमस्कार किया और वे अपने-अपने लोकोंको चले गये, तदनन्तर इन्द्रादि देवता राजा बलिके पास गये॥ २७॥
श्रीमद्भागवत महापुराण 8.6.27 · गीताप्रेस, गोरखपुर (प्रथम खण्ड, पृष्ठ 933) · https://371ace2f.srimad-bhagavatam.pages.dev/8/6/27/इस श्लोक और इसके अर्थमें की गयी शुद्धियाँ (1)